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गंगा का रौद्र रूप:छह प्रखंड की 28 पंचायतें बाढ़ की चपेट में, 35 हजार आबादी प्रभावित; ऊंचे स्थानों पर जा रहे – Ganga Swells, 28 Panchayats In Six Blocks Hit By Floods; 35,000 Affected

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गंगा के जलस्तर में लगातार वृद्धि से मुंगेर जिले में बाढ़ की स्थिति गंभीर होती जा रही है। नदी का जलस्तर खतरे के निशान से 33 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया है। जिले के छह प्रखंडों की 28 पंचायतें बाढ़ से प्रभावित हैं और करीब 35 हजार की आबादी इसकी चपेट में है। कई गांवों में घरों के अंदर पानी प्रवेश कर गया है। बड़ी संख्या में लोग परिवार और मवेशियों के साथ घर छोड़कर ऊंचे और सुरक्षित स्थानों पर शरण ले रहे हैं।

बाढ़ की स्थिति को देखते हुए जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पीणीकर ने संबंधित अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों का प्रतिदिन भ्रमण कर स्थिति का जायजा लेने और अद्यतन रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। उन्होंने राहत एवं बचाव कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने को कहा है। अधिक प्रभावित क्षेत्रों में सामुदायिक रसोई शुरू कराने का भी निर्देश दिया गया है।

कटाव ने बढ़ाई चिंता


जलस्तर बढ़ने के साथ गंगा पार के इलाकों में कटाव भी तेज हो गया है। जाफरनगर पंचायत में कटाव को देखते हुए बाढ़ नियंत्रण विभाग के अभियंताओं को मौके पर कैंप कर कटावरोधी कार्य शुरू कराने का निर्देश दिया गया है। प्रभावित परिवारों को अस्थायी रूप से रहने के लिए पॉलीथिन शीट भी उपलब्ध कराई जा रही है।

118 नावों की व्यवस्था


बाढ़ प्रभावित लोगों के आवागमन के लिए प्रशासन ने कुल 118 नावों की व्यवस्था की है, जिनमें 25 नावों का संचालन वर्तमान में प्रभावित क्षेत्रों में किया जा रहा है। जरूरत बढ़ने पर नावों की संख्या बढ़ाने की बात कही गई है।

धरहरा प्रखंड के शिवकुंड, हेमजापुर और बाहाचौकी तथा जमालपुर के सिंघिया, परहम और इंदरुख पश्चिमी पंचायत के कई गांव प्रभावित हैं। सदर प्रखंड के कुतलुपुर, जाफरनगर, मोहली, नौवागढ़ी उत्तरी और तौफीर दियारा समेत बरियारपुर प्रखंड के कई इलाके भी बाढ़ की चपेट में हैं।

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पशु चारे का संकट


खेतों और दियारा क्षेत्रों में पानी फैलने से हरा चारा नहीं मिल रहा है। पशुपालक मवेशियों को लेकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंच रहे हैं। ग्रामीणों ने पशुओं के लिए पर्याप्त चारा उपलब्ध कराने की मांग की है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग को प्रभावित क्षेत्रों में मेडिकल टीमें भेजने और जरूरत के अनुसार स्वास्थ्य शिविर लगाने का निर्देश दिया गया है। प्रशासन ने लोगों से बाढ़ के पानी में अनावश्यक रूप से नहीं जाने की अपील की है।

जिले में गंगा का रौद्र रूप, निचले इलाके में फैला पानी

जिले में गंगा का रौद्र रूप, निचले इलाके में फैला पानी

 

जिले में गंगा का रौद्र रूप, निचले इलाके में फैला पानी

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